मंगल वृषभ राशि में 2037
29 अगस्त 2037 से 28 मार्च 2038 तक छोटा गोचर
मंगल 29 अगस्त 2037 को वृषभ राशि में प्रवेश करता है। मंगल एक राशि में कुछ ही सप्ताह रहता है, इसलिए यह छोटा दौर है, जो आपकी चंद्र राशि से जिस भाव से गुज़रता है उसमें सबसे अधिक महसूस होता है।
मंगल के गोचर ऊर्जा, जोश और प्रयास के बारे में हैं। ये काम को गति देते हैं, और मतभेद में ठंडा दिमाग माँगते हैं।
तिथियाँ
मंगल 28 मार्च 2038 को अंतिम बार वृषभ राशि छोड़ता है।
अपनी वक्री चाल में मंगल यह सीमा एक से अधिक बार पार करता है। यह वृषभ राशि में 29 अगस्त 2037 से 28 नवंबर 2037 तक और 19 जनवरी 2038 से 28 मार्च 2038 तक रहता है।
अलग-अलग अवधियाँ
- 129 अगस्त 2037 से 28 नवंबर 2037 तक
- 219 जनवरी 2038 से 28 मार्च 2038 तक
चाल बदलने की तिथियाँ
- 13 अक्टूबर 2037वक्री: 13 अक्टूबर 2037: मंगल वृषभ राशि में वक्री होता है।
हर चंद्र राशि के लिए इसका अर्थ
मेष (Aries)
सावधानीमेष: मंगल आपके दूसरे भाव में
दूसरे भाव में मंगल कड़वे शब्द और अचानक खर्च ला सकता है। बचत की रक्षा करें और घर में शब्द सोच-समझकर चुनें।
वृषभ (Taurus)
सावधानीवृषभ: मंगल आपके पहले भाव में
आपकी अपनी राशि में मंगल जल्दबाज़ी और गुस्सा बढ़ा सकता है। प्रतिक्रिया देने से पहले रुकें और गरमागरम बहस से दूर रहें।
मिथुन (Gemini)
सावधानीमिथुन: मंगल आपके बारहवें भाव में
बारहवें भाव में मंगल अतिरिक्त खर्च और व्यर्थ मेहनत ला सकता है। खर्चों पर नियंत्रण रखें और झगड़ों से बचें।
कर्क (Cancer)
शुभकर्क: मंगल आपके ग्यारहवें भाव में
ग्यारहवें भाव में मंगल आय और लाभ के लिए अच्छा है। प्रयास फल देते हैं, और मित्रों व बड़े भाई-बहनों का साथ मिलता है।
सिंह (Leo)
सावधानीसिंह: मंगल आपके दसवें भाव में
दसवें भाव में मंगल काम पर दबाव और ज़ोर लाता है। नतीजे मिल सकते हैं, पर वरिष्ठों से टकराव संभव है; संयम से काम लें।
कन्या (Virgo)
सावधानीकन्या: मंगल आपके नौवें भाव में
नौवें भाव में मंगल बड़ों और गुरुओं से मतभेद और लंबी यात्राओं की योजनाओं में रुकावट ला सकता है। धैर्य सहायक है।
तुला (Libra)
सावधानीतुला: मंगल आपके आठवें भाव में
आठवें भाव में मंगल सावधानी माँगता है। साझा धन के बारे में जल्दबाज़ी के फ़ैसलों से बचें और विवादों से दूर रहें।
वृश्चिक (Scorpio)
सावधानीवृश्चिक: मंगल आपके सातवें भाव में
सातवें भाव में मंगल जीवनसाथी या व्यावसायिक साथियों से टकराव ला सकता है। बहस से बचें और दूसरों को जगह दें।
धनु (Sagittarius)
शुभधनु: मंगल आपके छठे भाव में
छठे भाव में मंगल प्रतिद्वंद्वियों और प्रतिस्पर्धा पर जीत दिलाता है। रुका काम आगे बढ़ता है और कर्ज़ घटाया जा सकता है।
मकर (Capricorn)
सावधानीमकर: मंगल आपके पाँचवें भाव में
पाँचवें भाव में मंगल पढ़ाई और बच्चों के साथ अधीरता ला सकता है। जोखिम भरे निवेश और जल्दबाज़ी के फ़ैसलों से बचें।
कुंभ (Aquarius)
सावधानीकुंभ: मंगल आपके चौथे भाव में
चौथे भाव में मंगल घर में तनाव और संपत्ति या वाहन को लेकर परेशानी ला सकता है। पारिवारिक चर्चा में शांत रहें।
मीन (Pisces)
शुभमीन: मंगल आपके तीसरे भाव में
तीसरे भाव में मंगल साहस और जोश लाता है। साहसिक प्रयास, प्रतियोगिताएँ और छोटी यात्राएँ सफल होती हैं, और भाई-बहन मदद कर सकते हैं।
हर पंक्ति मंगल को अकेले पढ़ती है। साप्ताहिक, मासिक और वार्षिक राशिफल में इसे बाकी ग्रहों के साथ तौला जाता है, और आपकी अपनी जन्म कुंडली अलग बात कह सकती है।
ये फल केवल चंद्र राशि पर आधारित हैं। जन्म समय के साथ आपकी अपनी कुंडली इससे कहीं अधिक बताती है।
चंद्र राशि और शास्त्रीय नियमों से सामान्य मार्गदर्शन, व्यक्तिगत फलादेश नहीं, और न ही चिकित्सा, कानूनी या वित्तीय सलाह। आपके निर्णय आपके अपने हैं। इन भविष्यवाणियों का उपयोग कैसे करें, यह पढ़ें।