Bhavishya

देश

2030 में ऑस्ट्रेलिया: ग्रहों से संकेत

ये 2030 में ऑस्ट्रेलिया के लिए व्यापक संकेत हैं, उसी तरह पढ़े गए जैसे मेदिनी ज्योतिष किसी देश को पढ़ता है: हर वर्ष सूर्य के मेष में प्रवेश की कुंडली से, देश की स्थापना कुंडली से और वर्ष के ग्रहणों से। ये सार्वजनिक जीवन की प्रवृत्तियाँ बताते हैं, तय घटनाएँ नहीं।

यहाँ मेदिनी फल केवल विषयों और समय की अवधियों तक सीमित है। यह किसी सार्वजनिक व्यक्ति के बारे में कुछ नहीं कहता और किसी विशेष घटना का नाम लेने का प्रयास नहीं करता।

वर्ष कुंडली (मेष संक्रांति)

कुंडली का समय
लग्न
कर्क (Cancer)
वर्ष कुंडली का स्वामी
चंद्र 2वें भाव में

सौर वर्ष 14 अप्रैल 2030 को आरंभ हुआ, जब सूर्य ने मेष में प्रवेश किया। उस क्षण कैनबरा के लिए बनी कुंडली में कर्क लग्न उदित था।

चंद्र लग्न राशि का स्वामी है, इसलिए वही वर्ष कुंडली का स्वर तय करता है। वह दूसरे भाव में है, जिससे पूरे वर्ष राष्ट्रीय संपदा, भंडार, खाद्य आपूर्ति और सार्वजनिक वाणी के स्वर पर ध्यान बना रहता है।

उभरकर दिखने वाले ग्रह

  • गुरु

    पाँचवें भाव में गुरु से शिक्षा, युवा, कला, मनोरंजन और शेयर बाज़ार में विकास, सहारा और व्यापक अवसर की प्रवृत्ति रहती है।

  • सूर्य

    दसवें भाव में सूर्य से शासन, संस्थाएँ और दुनिया में देश की प्रतिष्ठा में अधिकारियों का ध्यान और व्यवस्था पर ज़ोर की प्रवृत्ति रहती है।

  • मंगल

    दसवें भाव में मंगल से शासन, संस्थाएँ और दुनिया में देश की प्रतिष्ठा में तेज़ी, जल्द निर्णय और बहस में कुछ गर्मी की प्रवृत्ति रहती है।

  • बुध

    दसवें भाव में बुध से शासन, संस्थाएँ और दुनिया में देश की प्रतिष्ठा में व्यस्त बातचीत, कागज़ी काम और तेज़ व्यापार की प्रवृत्ति रहती है।

  • शनि

    दसवें भाव में शनि से शासन, संस्थाएँ और दुनिया में देश की प्रतिष्ठा में धीमा, धैर्य भरा काम, कसा हुआ बजट और कुछ देरी की प्रवृत्ति रहती है।

स्थापना कुंडली

स्थापना समय पर मतभेद है

स्थापना
1901-01-01
लग्न
मेष (Aries)
चंद्र राशि
मेष (Aries)

ऑस्ट्रेलिया की स्थापना कुंडली (1 जनवरी 1901) में मेष लग्न है और चंद्रमा मेष में है।

शनि

शनि मेष में है: स्थापना कुंडली के लग्न से पहले भाव में (पूरे देश और उसके लोगों की सामान्य मनःस्थिति) और उसके चंद्रमा से पहले भाव में।

यहाँ शनि इन विषयों में धैर्य, पुनर्गठन और सावधान बजट माँगता है।

  • 17 अप्रैल 2030 को शनि वृषभ में प्रवेश करता है: स्थापना कुंडली के लग्न से दूसरे भाव में (राष्ट्रीय संपदा, भंडार, खाद्य आपूर्ति और सार्वजनिक वाणी के स्वर) और उसके चंद्रमा से दूसरे भाव में।

गुरु

गुरु तुला में है: स्थापना कुंडली के लग्न से सातवें भाव में (विदेश संबंध, संधियाँ और व्यापारिक साझेदार) और उसके चंद्रमा से सातवें भाव में।

यहाँ गुरु इन विषयों में विकास और सोची-समझी योजना को सहारा देता है।

  • 25 जनवरी 2030 को गुरु वृश्चिक में प्रवेश करता है: स्थापना कुंडली के लग्न से आठवें भाव में (साझा संसाधन, कर, बीमा और सार्वजनिक वित्त में अचानक बदलाव) और उसके चंद्रमा से आठवें भाव में।

  • 1 मई 2030 को गुरु तुला में प्रवेश करता है: स्थापना कुंडली के लग्न से सातवें भाव में (विदेश संबंध, संधियाँ और व्यापारिक साझेदार) और उसके चंद्रमा से सातवें भाव में।

  • 23 सितंबर 2030 को गुरु वृश्चिक में प्रवेश करता है: स्थापना कुंडली के लग्न से आठवें भाव में (साझा संसाधन, कर, बीमा और सार्वजनिक वित्त में अचानक बदलाव) और उसके चंद्रमा से आठवें भाव में।

राहु

राहु धनु में है: स्थापना कुंडली के लग्न से नौवें भाव में (उच्च शिक्षा, आस्था, लंबी यात्राएँ और दूर का व्यापार) और उसके चंद्रमा से नौवें भाव में।

यहाँ राहु नए विचार और नई महत्वाकांक्षाएँ जगाता है, साथ में कुछ अनिश्चितता भी।

केतु

केतु मिथुन में है: स्थापना कुंडली के लग्न से तीसरे भाव में (संचार, मीडिया, परिवहन संपर्क और पड़ोसियों से व्यवहार) और उसके चंद्रमा से तीसरे भाव में।

यहाँ केतु पुराने तरीकों की समीक्षा और शांत, भीतर की ओर मोड़ लाता है।

राशि बदलने वाले ग्रह

इस अवधि में कोई राशि परिवर्तन नहीं।

ग्रहण

  • सूर्य ग्रहण

    1 जून 2030 को वृषभ में सूर्य ग्रहण पड़ता है, यानी स्थापना कुंडली के दूसरे भाव में (राष्ट्रीय संपदा, भंडार, खाद्य आपूर्ति और सार्वजनिक वाणी के स्वर)।

  • चंद्र ग्रहण

    16 जून 2030 को धनु में चंद्र ग्रहण पड़ता है, यानी स्थापना कुंडली के नौवें भाव में (उच्च शिक्षा, आस्था, लंबी यात्राएँ और दूर का व्यापार)।

  • सूर्य ग्रहण

    25 नवंबर 2030 को वृश्चिक में सूर्य ग्रहण पड़ता है, यानी स्थापना कुंडली के आठवें भाव में (साझा संसाधन, कर, बीमा और सार्वजनिक वित्त में अचानक बदलाव)।

ग्रहण के आसपास के सप्ताह उन विषयों में नए सार्वजनिक कार्य शुरू करने के बजाय समीक्षा करने और काम पूरे करने का समय माने जाते हैं।

सभी देश

चंद्र राशि और शास्त्रीय नियमों से सामान्य मार्गदर्शन, व्यक्तिगत फलादेश नहीं, और न ही चिकित्सा, कानूनी या वित्तीय सलाह। आपके निर्णय आपके अपने हैं। इन भविष्यवाणियों का उपयोग कैसे करें, यह पढ़ें।